NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela)

कक्षा 5 (हिंदी मीडियम) की गणित पाठ्यपुस्तक गणित मेला (NCERT, NEP 2026-27 पाठ्यक्रम) के सभी 15 पाठों की सूची और हर पाठ में सिखाई गई मुख्य अवधारणा नीचे दी गई है। यह गाइड बच्चों और अभिभावकों दोनों के लिए यह समझने में मदद करता है कि हर पाठ में क्या सीखा जाएगा, ताकि घर पर अभ्यास कराना आसान हो जाए।

पाठों की सूची और मुख्य अवधारणा

  • अध्याय 1: हम हैं यात्री – 1
  • अध्याय 2: भिन्न
  • अध्याय 3: घुमाव के रूप में कोण
  • अध्याय 4: हम हैं यात्री – 2
  • अध्याय 5: दूर और पास
  • अध्याय 6: दुग्धशाला — डेयरी फार्म
  • अध्याय 7: आकार और प्रतिरूप
  • अध्याय 8: भार और धारिता
  • अध्याय 9: नारियल का खेत
  • अध्याय 10: सममितीय अभिकल्पनाएँ
  • अध्याय 11: दादी माँ की रजाई
  • अध्याय 12: दौड़ते सेकंड
  • अध्याय 13: जानवरों की छलाँग
  • अध्याय 14: मानचित्र और अवस्थितियाँ
  • अध्याय 15: चित्रों के माध्यम से आँकड़े

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 1: हम हैं यात्री – 1 — हल एवं व्याख्या

यह भाग “गणित मेला” (कक्षा 5, हिंदी मीडियम) के अध्याय 1 “हम हैं यात्री – 1” की गतिविधियों और प्रश्नों के हल देता है। यह अध्याय बड़ी संख्याओं (10,000 से ऊपर) को भारतीय स्थानीय मान पद्धति (द.ह., ह., सै., द., इ.) में पढ़ना, लिखना और उनकी तुलना करना सिखाता है।

स्थानीय मान सारणी: दस हजार तक

नीचे दी गई सारणी में संख्या का नाम और उसका स्थानीय मान (द.ह.=दस हजार, ह.=हजार, सै.=सैकड़ा, द.=दहाई, इ.=इकाई) दिखाया गया है:

संख्याद.ह.ह.सै.द.इ.संख्या का नाम
10,03310033दस हजार तैंतीस
11,21411214ग्यारह हजार दो सौ चौदह
13,52013520तेरह हजार पाँच सौ बीस
20,00020000बीस हजार
45,86745867पैंतालीस हजार आठ सौ सड़सठ

विस्तारित रूप (Expanded Form) — असामान्य समूहन सहित

पाठ्यपुस्तक में कुछ संख्याएँ जानबूझकर असामान्य ढंग से समूहित करके दी जाती हैं, ताकि बच्चे केवल रटने की बजाय स्थानीय मान को वास्तव में समझें:

प्र. 5,621 = 4 हजार + ___ सैकड़ा + 2 दहाई + ___ इकाई
उ. 4 हजार = 4,000; शेष 1,621 में से 2 दहाई = 20 और शेष 1 इकाई है, इसलिए बचे 1,600 को 16 सैकड़ा में लिखा जाता है। पूरी संख्या: 4,000 + 16 सैकड़ा (1,600) + 2 दहाई (20) + 1 इकाई = 5,621. रिक्त स्थान: 16 सैकड़ा और 1 इकाई.

प्र. 7,069 = ___ हजार + 20 सैकड़ा + ___ इकाई
उ. 20 सैकड़ा = 2,000; शेष 5,069 में से 5,000 को 5 हजार में लिखा जाता है, और 69 इकाई शेष रहती है। जाँच: 5,000 + 2,000 + 69 = 7,069. रिक्त स्थान: 5 हजार और 69 इकाई.

प्र. 37,608 = ___ दस हजार + 17 हजार + ___ सैकड़ा + 8 इकाई
उ. 17 हजार = 17,000; शेष 20,600 में से 20,000 को 2 दस हजार में और बचे 600 को 6 सैकड़ा में लिखा जाता है। जाँच: 20,000 + 17,000 + 600 + 8 = 37,608. रिक्त स्थान: 2 दस हजार और 6 सैकड़ा.

प्र. 43,001 = 3 दस हजार + ___ हजार + ___ सैकड़ा + 1 इकाई
उ. 3 दस हजार = 30,000; शेष 13,000 पूरा 13 हजार में लिखा जा सकता है, इसलिए सैकड़ा 0 रहेगा। जाँच: 30,000 + 13,000 + 0 + 1 = 43,001. रिक्त स्थान: 13 हजार और 0 सैकड़ा.

₹ नोटों में विभाजन (हजार, सैकड़ा, दहाई का उपयोग)

यह गतिविधि दिखाती है कि किसी राशि में एक निश्चित मूल्य के कितने नोट “फिट” होते हैं — यह विभाजन (division) का एक व्यावहारिक उपयोग है।

प्रश्नउत्तर
₹7,934 में ₹10 के कितने नोट हैं?793 नोट (₹4 शेष)
₹7,934 में ₹100 के कितने नोट हैं?79 नोट (₹34 शेष)
₹7,934 में कितने हजार हैं?7 हजार
₹7,934 में ₹500 के कितने नोट हैं?15 नोट (₹434 शेष)
₹65,342 में ₹10 के कितने नोट हैं?6,534 नोट (₹2 शेष)
₹65,342 में ₹100 के कितने नोट हैं?653 नोट (₹42 शेष)
65,342 में कितने हजार हैं?65 हजार
₹65,342 में ₹500 के कितने नोट हैं?130 नोट (₹342 शेष)

संख्याओं की तुलना — क्या पहला अंक हमेशा सही जवाब देता है?

प्र. एक विद्यार्थी कहता है कि संख्या 9,990, संख्या 49,014 से बड़ी है क्योंकि 9, 4 से बड़ा है। क्या विद्यार्थी सही है?
उ. नहीं, विद्यार्थी गलत है। दो संख्याओं की तुलना करते समय सबसे पहले यह देखना चाहिए कि किस संख्या में अंकों की संख्या ज़्यादा है, पहले अंक की तुलना नहीं करनी चाहिए। 49,014 पाँच अंकों की संख्या है (द.ह.=4) जबकि 9,990 केवल चार अंकों की संख्या है (द.ह.=0)। इसलिए 49,014, 9,990 से बड़ी है, भले ही 9,990 का पहला अंक (9) बड़ा दिखे।

अंकों की अदला-बदली (swap) से नई संख्या बनाना

प्र. संख्या 1,478 में कोई भी दो अंकों को आपस में बदलकर 5,500 से बड़ी संख्या बनाइए।
उ. एक संभव उत्तर: पहला अंक (1) और तीसरा अंक (7) आपस में बदलने पर संख्या 7,418 बनती है, जो 5,500 से बड़ी है। (इस तरह के प्रश्न में एक से अधिक सही उत्तर संभव हैं।)

प्र. संख्या 10,593 में दो अंकों को आपस में बदलकर ऐसी संख्या बनाइए जो (i) 11,000 और 15,000 के मध्य हो, (ii) 35,000 से अधिक हो।
उ. (i) हजार अंक (0) और इकाई अंक (3) आपस में बदलने पर 13,590 बनती है, जो 11,000 और 15,000 के मध्य है। (ii) दस-हजार अंक (1) और सैकड़ा अंक (5) आपस में बदलने पर 50,193 बनती है, जो 35,000 से अधिक है। (एक से अधिक सही उत्तर संभव हैं।)

प्र. संख्या 48,247 में दो अंकों को आपस में बदलकर (i) संभावित सबसे छोटी संख्या, (ii) संभावित सबसे बड़ी संख्या बनाइए।
उ. (i) सबसे छोटी: दस-हजार अंक (4) को सैकड़ा अंक (2) से बदलने पर 28,447 बनती है — चूँकि 2, शेष उपलब्ध अंकों में सबसे छोटा है, यही एक अदला-बदली से संभव सबसे छोटी संख्या है। (ii) सबसे बड़ी: दस-हजार अंक (4) को इकाई-स्थान के पड़ोसी अंक (8) से बदलने पर 84,247 बनती है — चूँकि 8, शेष उपलब्ध अंकों में सबसे बड़ा है।

संख्या-रेखा पर बड़ी संख्याएँ

प्र. संख्या-रेखा पर 5,000 और 10,000 के बाद बराबर दूरी पर बिंदु दिए गए हैं, और अंतिम बिंदु 50,000 है। बीच के रिक्त स्थान भरिए।
उ. चूँकि 5,000 से 10,000 के बीच का अंतराल 5,000 है और यही अंतराल पूरी संख्या-रेखा पर बराबर रहता है, शेष बिंदु होंगे: 15,000, 20,000, 25,000, 30,000, 35,000, 40,000, 45,000, और अंत में 50,000.

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 2: भिन्न — हल एवं व्याख्या

यह भाग “गणित मेला” (कक्षा 5) के अध्याय 2 “भिन्न” की गतिविधियों और प्रश्नों के हल देता है। यह अध्याय तुल्य भिन्न (equivalent fractions) बनाना और 1/2 जैसे संदर्भ-भिन्न (benchmark fraction) से तुलना करना सिखाता है।

चॉकलेट पहेली: क्या 1/3, 1/2 से बड़ा हो सकता है?

प्र. तमन्ना कहती है कि उसकी एक चॉकलेट का 1/3 भाग दूसरी चॉकलेट के 1/2 भाग से बड़ा है। क्या यह सही हो सकता है?
उ. हाँ, यह तभी सही हो सकता है जब दोनों चॉकलेट अलग-अलग आकार की हों — बड़ी चॉकलेट का 1/3 भाग छोटी चॉकलेट के 1/2 भाग से बड़ा हो सकता है। भिन्नों की सीधे तुलना तभी की जा सकती है जब दोनों एक ही पूर्ण मात्रा (same whole) से ली गई हों।

तुल्य भिन्न पहचानना (भिन्न किट गतिविधि)

प्र. 1/2 और 1/4 में क्या संबंध है?
उ. 1/2 को दो बराबर भागों में तोड़ने पर हर भाग 1/4 होता है, इसलिए 1/4 के दो भाग मिलकर 1/2 के बराबर होते हैं — अर्थात 1/2 = 2/4.

प्र. 1/2 के और कौन-कौन से तुल्य भिन्न बनाए जा सकते हैं?
उ. अंश और हर दोनों को समान संख्या से गुणा करके: 1/2 = 2/4 = 3/6 = 4/8 = 5/10 — यह सिलसिला अनंत आगे बढ़ सकती है।

कितने छोटे टुकड़े मिलकर बड़ा टुकड़ा बनाते हैं

प्र. कितने 1/6 मिलकर 1/3 बनाते हैं?
उ. 2 टुकड़े (1/6 + 1/6 = 2/6 = 1/3).

प्र. कितने 1/8 मिलकर (क) 1/4 और (ख) 1/2 बनाते हैं?
उ. (क) 2 टुकड़े (1/8 + 1/8 = 2/8 = 1/4)। (ख) 4 टुकड़े (4/8 = 1/2).

प्र. कितने 1/12 मिलकर (क) 1/2, (ख) 1/3, (ग) 1/4, (घ) 1/6 बनाते हैं?
उ. (क) 6 टुकड़े (6/12 = 1/2)। (ख) 4 टुकड़े (4/12 = 1/3)। (ग) 3 टुकड़े (3/12 = 1/4)। (घ) 2 टुकड़े (2/12 = 1/6).

छायांकन विधि से तुल्य भिन्नों की श्रृंखला बनाना

प्र. यदि किसी आकृति के 1/3 भाग को छायांकित किया गया है, और आकृति को क्षैतिज रेखाओं से और छोटे भागों में बांटा जाए, तो तुल्य भिन्न कैसे बदलती हैं?
उ. जैसे-जैसे आकृति को अधिक बराबर भागों में बाँटा जाता है, अंश और हर दोनों उसी अनुपात में बढ़ते हैं लेकिन छायांकित भाग उतना ही रहता है: 1/3 = 2/6 = 3/9 = 4/12.

1/2 से छोटी या बड़ी भिन्न कैसे पहचानें (संदर्भ-भिन्न विधि)

प्र. इनमें से कौन-सी भिन्नें 1/2 से छोटी हैं — 2/4, 3/5, 5/7, 7/14, 5/10, 8/16, 5/9, 6/12, 6/8, 10/20?
उ. इनमें से कोई भी भिन्न 1/2 से छोटी नहीं है — 2/4, 7/14, 5/10, 8/16, 6/12 और 10/20 सभी ठीक 1/2 के बराबर हैं, जबकि 3/5, 5/7, 5/9 और 6/8 सब इससे बड़ी हैं। यह प्रश्न जांचता है कि कहीं बच्चा सिर्फ अंकों के पैटर्न से अनुमान तो नहीं लगा रहा — हर भिन्न को वास्तव में 1/2 से तोलकर जांचना होगा।

प्र. इनमें से कौन-सी भिन्नें 1/2 से छोटी हैं — 3/9, 2/4, 12/15, 8/15, 11/12, 3/15, 4/8, 1/3, 7/11, 11/16, 15/31, 6/18?
उ. 1/2 से छोटी: 3/9, 3/15, 1/3, 15/31 और 6/18 (इन सभी में अंश, हर के आधे से कम है)। बाकी सभी (2/4, 12/15, 8/15, 11/12, 4/8, 7/11, 11/16) इससे अधिक या बराबर हैं।

पराठा खाने वाला उदाहरण — 1/2 के सहारे से सीधी तुलना

प्र. एक बच्चे ने कल शाम को 5/8 पराठा खाया, दूसरे ने 3/6 पराठा खाया। किसने अधिक पराठा खाया?
उ. 3/6, 1/2 के बराबर है, परंतु 5/8, 1/2 से अधिक है (क्योंकि 4/8 = 1/2 होता है, और 5/8, 4/8 से अधिक है)। अतः 5/8 > 3/6, इसलिए पहले बच्चे ने अधिक पराठा खाया।

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 3: घुमाव के रूप में कोण — हल एवं व्याख्या

यह भाग “गणित मेला” (कक्षा 5) के अध्याय 3 “घुमाव के रूप में कोण” की गतिविधियों और प्रश्नों के हल देता है। यह अध्याय कोण को पूर्ण घुमाव के भाग (चौथाई, आधा, पूरा) के रूप में समझाता है और समकोण (समकोण), न्यूनकोण, अधिककोण और सरल कोण में फर्क पहचानना सिखाता है।

पहिए (फेरिस व्हील) और घुमाव की भाषा

प्र. रीमा एक ही दिशा में दो बार आधा घूम जाती है। यह एक ___ घुमाव की तरह है।
उ. दो बार आधा घुमाव = 1/2 + 1/2 = 1 पूरा घुमाव। रिक्त स्थान: पूर्ण घुमाव.

प्र. यदि वह एक ही दिशा में 2 चौथाई घूम जाए तब क्या होगा? वह एक ___ घुमाव की तरह होगा।
उ. 2 चौथाई = 2 × 1/4 = 1/2 घुमाव। रिक्त स्थान: आधा घुमाव.

प्र. यदि वह एक ही दिशा में 4 चौथाई घूम जाए तब क्या होगा? वह एक ___ मोड़ की तरह होगा।
उ. 4 चौथाई = 4 × 1/4 = 1 पूरा घुमाव। रिक्त स्थान: पूर्ण मोड़.

प्र. एक लड़के ने कहा — “मैंने एक-चौथाई से अधिक परंतु आधे से भी कम घूमा है। यह कौन-सा कोण है?” और फिर कहा — “मैंने दो-चौथाई चक्कर लगाए। इसे क्या कहते हैं?”
उ. एक-चौथाई (1/4) से अधिक पर आधे (1/2) से कम घुमाव — इसे अधिककोण (Obtuse Angle) कहते हैं। दो-चौथाई घुमाव = 2 × 1/4 = 1/2 घुमाव, जिसे सरल कोण (Straight Angle) कहते हैं।

घुमाव और कोण की सारणी

घुमावकोण का नामनिर्धारण
पूर्ण घुमाव (1)360°
आधा घुमाव (1/2)सरल कोण180°
चौथाई घुमाव (1/4)समकोण90°
चौथाई से कमन्यूनकोण90° से कम
चौथाई और आधे के बीचअधिककोण90° और 180° के बीच

कागज के पंखे से कोण बनाना

प्र. स्ट्रॉ या पंखे की सहायता से दो अलग-अलग न्यूनकोण जैसे घुमाव बनाएं। क्या ये दोनों मिलकर हमेशा एक अन्य न्यूनकोण जैसा घुमाव बना सकते हैं?
उ. हमेशा नहीं। यह दोनों कोणों के माप पर निर्भर करता है। यदि दोनों न्यूनकोण मिलकर भी 90° से कम रहें, तभी परिणाम न्यूनकोण जैसा दिखेगा; परंतु यदि दोनों का योग 90° या उससे अधिक हो जाए (जैसे 60°+60°=120°), तो परिणाम समकोण या अधिककोण जैसा दिखेगा, न्यूनकोण जैसा नहीं।

दिनचर्या की वस्तुओं में घुमाव का अनुमान लगाना

पाठ्यपुस्तक में नल का उदाहरण दिया गया है; आगे खुद घर की एसी आठ वस्तुओं को सोचिए जिनमें घुमाव सम्मिलित हो: दरवाजे की चटखनी, पंखा, घड़ी की सुईयां, स्टीयरिंग व्हील, और बोतल का ढक्कन — इन सबमें किसी-न-किसी अंश तक घुमाव होता है।

नीचे दी गई पांच वस्तुओं में से हर एक की घुमाव का अनुमान: (यह वस्तु को स्वयं घुमाकर जांचने वाली ङंस की गतिविधि है; नीचे एक सामान्य अनुमान दिया गया है।)

वस्तुसामान्य घुमावकारण
कपड़ों की चिमटी (क्लिप)चौथाई घुमाव से कमदबाने पर मुंह थोड़ा ही खुलता है
कब्जेदार द्वार (कपाट)चौथाई घुमाव के आस-पासपूरा खुलने पर लगभग समकोण जैसा घूमता है
चिमटाचौथाई घुमाव से कमदोनों भुजाएं थोड़ा ही खुलती हैं
कैंचीचौथाई घुमाव से कमहत्थे कागज़ काटने के लिए थोड़ा ही खुलते-बंद होते हैं
फाइलकवर (संचिका आवरण)चौथाई घुमाव से अधिकपूरी तरह खोलने पर चौथाई से कहीं अधिक खुलता है

प्र. इन पांच वस्तुओं में से क्या किसी ने आधा घुमाव (सरल कोण, 180°) किया?
उ. फाइलकवर जब पूरी तरह खोलकर सपाट (flat) कर दिया जाता है, तब वह लगभग आधा घुमाव पूरा कर लेता है।

प्र. क्या इनमें से किसी ने पूरा घुमाव (360°) किया?
उ. इन पांचों में से कोई भी सामान्य उपयोग में पूरा (360°) घुमाव नहीं करती — पूरे घुमाव के लिए पहिया (फेरिस व्हील) या पंखा जैसी वस्तु ही सही उदाहरण हैं, जैसा इस पाठ की शुरुआत के विशाल पहिए के उदाहरण में दिखाया गया था।

घर की आकृति में कोण पहचानना

प्र. लकड़ी-पुस्तकों या गत्ते के टुकड़ों से बने घर के चित्र में अंकित सभी कोणों (A से H तक) को समकोण, न्यूनकोण या अधिककोण के रूप में पहचानिए।
उ. यह एक अवलोकन गतिविधि है — अपनी बनाई घर-आकृति में हर लेबल किए गए कोण को ध्यान से देखें: यदि वह एक सीधे कोने (जैसे बॉक्स के किनारे) जैसा दिखे तो समकोण, उससे छोटा हो तो न्यूनकोण, और बड़ा हो तो अधिककोण। छत और दोनों ढालू छतों के कोण आमतौर पर समकोण होते हैं, जबकि तिरछी छत (ईंटी-आकार) वाले कोणों में अक्सर न्यूनकोण या अधिककोण मिलते हैं।

प्र. अपनी अव्यास पुस्तिका में 2 समकोण, 2 अधिककोण, 1 न्यूनकोण का उपयोग करके एक 5-भुजीय आकृति (पंचभुज) बनाइए।
उ. किसी भी 5-भुजीय आकृति के सभी कोणों का योग हमेशा 540° होता है (सूत्र: (n−2)×180°, n=5 के लिए 3×180°=540°)। एक संभव समूह: दो समकोण (90°+90°), दो अधिककोण (140°+140°), और एक न्यूनकोण (80°) — जाँच: 90+90+140+140+80 = 540° — यही कोण लेकर पंचभुज बनाइए। (इस शर्त को पूरा करने वाले अन्य संयोजन भी सही हैं।)

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 4: हम हैं यात्री – 2 — हल एवं व्याख्या

यह भाग “गणित मेला” (कक्षा 5) के अध्याय 4 “हम हैं यात्री – 2” की गतिविधियों और प्रश्नों के हल देता है। यह अध्याय समूहीकरण (carrying) और उधारी (borrowing) सहित बड़ी संख्याओं का योग-व्यवकलन, इन दोनों क्रियाओं के बीच का संबंध, और मानसिक अनुमान (estimation) सिखाता है।

ईंधन का अंकगणित — समूहीकरण सहित योग

प्र. एक बस की टंकी में 28 लीटर ईंधन है। इसमें 75 लीटर अतिरिक्त ईंधन भरा गया। बस में ईंधन की कुल मात्रा क्या है?
उ. 28 + 75 — इकाई: 8+5=13, लिखें 3 और 1 दहाई में समूहीकृत; दहाई: 2+7+1=10, लिखें 0 और 1 सैकड़ा में समूहीकृत। कुल ईंधन = 103 लीटर.

प्र. 49 और 89 का योगफल ज्ञात कीजिए।
उ. इकाई: 9+9=18, लिखें 8 और 1 दहाई में समूहीकृत; दहाई: 4+8+1=13, लिखें 3 और 1 सैकड़ा में समूहीकृत। योगफल = 138.

प्र. आइए हल करें: (1) 15+79, (2) 46+99, (3) 38+35, (4) 5+89, (5) 76+28, (6) 69+20.
उ. (1) 15+79=94। (2) 46+99=145। (3) 38+35=73। (4) 5+89=94। (5) 76+28=104। (6) 69+20=89.

और अधिक ईंधन का अंकगणित — उधारी सहित व्यवकलन

प्र. एक छोटी बस में 18 लीटर ईंधन शेष बचा। ईंधन भरने के पश्चात मीटर 65 लीटर दर्शाता है। कितना ईंधन भरा गया?
उ. 65 − 18 — इकाई में 8, 5 से बड़ा है, इसलिए दहाई से 1 दहाई (=10 इकाई) उधार लेते हैं: 15−8=7; दहाई में अब 5 बचता है, 5−1=4। भरा गया ईंधन = 47 लीटर. जाँच: 18+47=65 ✓.

योग और व्यवकलन के मध्य संबंध

प्र. (क) यदि 46+21=67 है तो 67−21=___, 67−46=___। (ख) यदि 198−98=100 है तो 100+___=198, 198−___=98। (ग) यदि 189+98=287 है तो 287−98=___, 287−189=___। (घ) यदि 872−672=200 है तो 200+___=872, 872−___=672.
उ. (क) 67−21=46, 67−46=21। (ख) 100+98=198, 198−100=98। (ग) 287−98=189, 287−189=98। (घ) 200+672=872, 872−200=672। यह दिखाता है कि व्यवकलन, योग की उलटी क्रिया है।

प्र. निम्नलिखित गणितीय वाक्यों का अनुसरण करने वाले योग और व्यवकलन के अन्य वाक्य लिखिए: (क) 78+164=242, (ख) 462+839=1301, (ग) 921−137=784, (घ) 824−234=590.
उ. (क) 242−164=78 और 242−78=164। (ख) 1301−839=462 और 1301−462=839। (ग) 784+137=921 और 921−784=137। (घ) 590+234=824 और 824−590=234.

मानसिक योग (बिना स्थानीय मान लिखे)

प्र. निम्नलिखित योगफल ज्ञात कीजिए (बिना इकाई, दहाई, सैकड़ा, हजार के स्तंभ लिखे): (क) 238+367, (ख) 1,234+12,345, (ग) 12+123, (घ) 46,120+12,890, (ङ) 878+8,789, (च) 1,749+17,490.
उ. (क) 238+367=605। (ख) 1,234+12,345=13,579। (ग) 12+123=135। (घ) 46,120+12,890=59,010। (ङ) 878+8,789=9,667। (च) 1,749+17,490=19,239.

सर्वोत्कृष्ट भारतीय यात्रा मार्ग — कुल दूरी

प्र. नजराना और उसके मित्रों ने दिल्ली से प्रारंभ करके मुंबई (1,600 कि.मी.), उसके पश्चात गोवा (590 कि.मी.), उसके पश्चात हैदराबाद (670 कि.मी.) और अंत में पुरी (1,055 कि.मी.) तक यात्रा की। कुल तय की गई दूरी ज्ञात कीजिए।
उ. 1,600 + 590 + 670 + 1,055 = 3,915 कि.मी. (1,600+590=2,190; 2,190+670=2,860; 2,860+1,055=3,915).

निकटतम योगफल खोजना (अनुमान और युग्मबंदी)

प्र. 5205, 6220, 7095, 8455 और 4840 में से दो संख्याओं को ज्ञात कीजिए जिनका योगफल निम्नलिखित के निकटतम हो: (क) 10,000 (ख) 15,000 (ग) 13,000 (घ) 16,000.
उ. सभी संभव युग्मों के योग निकालकर निकटतम मिलान खोजा जाता है: (क) 5205+4840=10,045 (10,000 से केवल 45 अधिक)। (ख) 6220+8455=14,675 (15,000 से 325 कम)। (ग) 8455+4840=13,295 (13,000 से केवल 295 अधिक)। (घ) 7095+8455=15,550 (16,000 से 450 कम, और यह सभी युग्मों में सबसे बड़ा योगफल भी है, इसलिए 16,000 के सबसे निकट है)।

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 5: दूर और पास — हल एवं व्याख्या

यह भाग “गणित मेला” (कक्षा 5) के अध्याय 5 “दूर और पास” की गतिविधियों और प्रश्नों के हल देता है। यह अध्याय लंबाई की इकाईयों (से.मी., मी., कि.मी.) के बीच रूपांतरण और दूरियों की तुलना सिखाता है।

बराबर लंबाईयों को मिलाना (से.मी. ↔ मी. रूपांतरण)

प्र. नीचे दिए गए पांच से.मी. माप हर एक को मी./से.मी. में दिए गए बराबर माप से मिलाइए: 204 से.मी., 540 से.मी., 750 से.मी., 240 से.मी., 404 से.मी. —— 5 मी. 40 से.मी., 2 मी. 204 से.मी., 2 मी. 4 से.मी., 2 मी. 40 से.मी., 6 मी. 150 से.मी.।
उ. हर माप को से.मी. में बदलकर मिलान खोजें:

से.मी. मेंमी./से.मी. मेंमिलान
204 से.मी.2 मी. 4 से.मी.204 से.मी.
540 से.मी.5 मी. 40 से.मी.540 से.मी.
750 से.मी.6 मी. 150 से.मी.750 से.मी.
240 से.मी.2 मी. 40 से.मी.240 से.मी.
404 से.मी.2 मी. 204 से.मी.404 से.मी.

<, =, > चिह्नों का उपयोग करके तुलना

प्र. तुलना कीजिए: (क) 456 से.मी. ___ 5 मी. (ख) 55 से.मी.+200 से.मी. ___ 200 से.मी.+54 से.मी. (ग) 6 मी. 5 से.मी. ___ 6 मी. 50 से.मी. (घ) 2 मी. 150 से.मी. ___ 3 मी. 50 से.मी. (ङ) 238 से.मी. ___ 138 से.मी. 1 मी.
उ. (क) 456 से.मी. < 5 मी. (5मी.=500से.मी.)। (ख) 255 से.मी. > 254 से.मी.। (ग) 605 से.मी. < 650 से.मी.। (घ) 350 से.मी. = 350 से.मी. (दोनों बराबर हैं)। (ङ) 238 से.मी. = 238 से.मी. (138से.मी.+1मी./100से.मी.=238से.मी., दोनों बराबर हैं)।

विश्व की सबसे ऊँची प्रतिमाएं — ऊँचाईयों की तुलना

ऊँचाइयां: स्टैच्यू ऑफ यूनिटी (भारत) = 182मी.; स्प्रिंग टेंपल बुद्ध (चीन) = 128मी.; गुआनिन ऑफ नानशान (चीन) = 108मी.; स्टैच्यू ऑफ लिबर्टी (अमेरिका) = 93मी.; द मदरलैंड कॉल्स (रूस) = 91मी.; क्राइस्ट द रिडीमर (ब्राज़ील) = 38मी.

प्र. (क) सबसे ऊँची प्रतिमा और स्टैच्यू ऑफ लिबर्टी की ऊँचाई में कितना अंतर है?
उ. 182 − 93 = 89 मीीटर.

प्र. (ख) उन प्रतिमाओं की पहचान कीजिए जिनकी ऊँचाइयों में सबसे कम अंतर है।
उ. सभी संभव निकटतम-पड़ोसी जोड़ियों में से सबसे कम अंतर स्टैच्यू ऑफ लिबर्टी (93मी.) और द मदरलैंड कॉल्स (91मी.) के बीच है — केवल 2 मीीटर.

प्र. (ग) उन प्रतिमाओं की पहचान कीजिए जिनकी ऊँचाईयों में सबसे अधिक अंतर है।
उ. सबसे अधिक अंतर सबसे ऊँची (स्टैच्यू ऑफ यूनिटी, 182मी.) और सबसे नीची (क्राइस्ट द रिडीमर, 38मी.) प्रतिमा के बीच है: 182−38=144 मीीटर.

प्र. (घ) किस मूर्ति की ऊँचाई स्टैच्यू ऑफ यूनिटी की ऊँचाई के समान होगी, यदि उसे दोगुना कर दिया जाए?
उ. स्टैच्यू ऑफ यूनिटी = 182मी.। 91×2=182, इसलिए द मदरलैंड कॉल्स (91मी.) को दोगुना करने पर उसकी ऊँचाई स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के बराबर हो जाएगी।

मीटर और किलोमीटर — रस्सी की लंबाई से 1 किमी बनाना

1000 मीटर = 1 किलोमीटर (“किलो” का अर्थ होता है हजार)।

प्र. निश्चित लंबाई की कितनी रस्सियां जोड़कर 1 किलोमीटर (1000 मीटर) बनेगी: 100 मी., 10 मी., 200 मी., 500 मी., 250 मी.?
उ. हर लंबाई से 1000 मीटर बनाने के लिए 1000 को उस लंबाई से भाग दें: 100 मी. → 10 रस्सियां। 10 मी. → 100 रस्सियां। 200 मी. → 5 रस्सियां। 500 मी. → 2 रस्सियां। 250 मी. → 4 रस्सियां।

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 6: दुग्धशाला (डेयरी फार्म) — हल एवं व्याख्या

यह भाग “गणित मेला” (कक्षा 5) के अध्याय 6 “दुग्धशाला” की गतिविधियों और प्रश्नों के हल देता है। यह अध्याय गुणन (multiplication) के क्रम-विनिमय गुण (commutative property), संख्या-संकेत पहेलियां और 10/100 से गुणा करने के प्रतिरूप सिखाता है।

मैं कौन-सी संख्या हूँ? (संकेत आधारित पहेली)

प्र. मैं एक दो-अंकीय संख्या हूँ। संकेत: (क) 8 से बड़ी; (ख) 4 की गुणज नहीं; (ग) 9 की गुणज; (घ) एक सम संख्या; (ङ) 11 की गुणज नहीं; (च) आयु 50 वर्ष से कम; (छ) इकाई का अंक सम; (ज) दहाई का अंक विषम। मैं कौन-सी संख्या हूँ?
उ. 50 से कम के दो-अंकीय 9 के गुणज: 18, 27, 36, 45। इनमें से सम संख्या: 18, 36। 4 की गुणज नहीं होने से 36 (4×9=36) बाहर हो जाती है, बची 18। जांच: 18 दो-अंकीय है, 8 से बड़ी है, 4 की गुणज नहीं (18÷4=4.5), 9 की गुणज है (9×2=18), सम है, 11 की गुणज नहीं, 50 से कम है, इकाई का अंक (8) सम है, दहाई का अंक (1) विषम है — सभी संकेत मेल खाते हैं। उत्तर: 18। (इस तरह की पहेलियों में कुछ संकेत केवल पुष्टि के लिए होते हैं, जैसे “11 की गुणज नहीं” — इसकी आवश्यकता नहीं पड़ी क्योंकि शेष दोनों संभावित संख्याओं में से कोई भी 11 की गुणज नहीं थी — यही वह संकेत है जो संख्या ढूंढने में सहायता नहीं कर पाता।)

गुणन में संख्याओं का क्रम — क्रम-विनिमय गुण (Commutative Property)

दलजीत कौर मक्खन की थैलियों (पैकेटों) को अलग-अलग पंक्ति-स्तंभ व्यवस्था में रखती हैं।

प्र. (क) 2×3 और 3×2 का मान ज्ञात कीजिए। (ख) 5×8 और 8×5। (ग) 6×13 और 13×6। (घ) 10×5 और 5×10। (ङ) 8×20 और 20×8। (च) 12×9 और 9×12।
उ. (क) 2×3 = 3×2 = 6। (ख) 5×8 = 8×5 = 40। (ग) 6×13 = 13×6 = 78। (घ) 10×5 = 5×10 = 50। (ङ) 8×20 = 20×8 = 160। (च) 12×9 = 9×12 = 108.

प्र. क्या यह किन्हीं भी दो संख्याओं के गुणनफल के लिए सही है?
उ. हाँ। यह गुणन का क्रम-विनिमय गुण (commutative property) है: किसी भी दो संख्याओं a और b के लिए a×b = b×a हमेशा सत्य होता है — समूहों की संख्या और हर समूह का आकार आपस में बदलने पर भी कुल संख्या वही रहती है।

प्र. 9×0 का मान क्या है? 0×9 का?
उ. दोनों का मान 0 है — किसी भी संख्या को 0 से गुणा करने पर परिणाम हमेशा 0 ही होता है।

10 और 100 से गुणन में प्रतिरूप (पैटर्न)

प्र. ज्ञात कीजिए: (क) 4×10 (ख) 20×10 (ग) 10×40 (घ) 10×10 (ङ) 20×50 (च) 80×10 (छ) 3×100 (ज) 8×100 (झ) 10×100.
उ. (क) 4×10=40। (ख) 20×10=200। (ग) 10×40=400। (घ) 10×10=100। (ङ) 20×50=1,000। (च) 80×10=800। (छ) 3×100=100×3=300। (ज) 8×100=800। (झ) 10×100=1,000.

नियम: जब किसी संख्या को 10 से गुणा करते हैं, तो वह 10 गुना हो जाती है और हर अंक एक स्थानीय मान बाईं ओर खिसक जाता है; 100 से गुणा करने पर संख्या 100 गुना हो जाती है और हर अंक दो स्थानीय मान बाईं ओर खिसक जाता है।

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 7: टाइल्स लगाना व उन्हें प्रतिरूप में व्यवस्थित करना — हल एवं व्याख्या

यह भाग “गणित मेला” (कक्षा 5) के अध्याय 7 की गतिविधियों और प्रश्नों के हल देता है। यह अध्याय टाइलिंग (tessellation) सिखाता है — कौन-सी सम आकृतियां किसी बिंदु के चारों ओर बिना किसी रिक्त स्थान या आछ्छादन के पूरी तरह भर सकती हैं, जो सीधे अध्याय 3 के कोण-संबंधी संकल्पनाओं से जुड़ता है।

मूल नियम: कौन-सी आकृतियां बिना रिक्त स्थान भर पाती हैं

किसी बिंदु के चारों ओर सम आकृतियों को बिना रिक्त स्थान या आछ्छादन के पूरी तरह व्यवस्थित होने के लिए उनके अंतर्कोणों (interior angles) का योग ठीक 360° होना चाहिए — ना कम, ना 360° से ज्यादा।

प्र. सम पंचभुज (नियमित 5-भुजीय आकृति) क्या किसी बिंदु पर रिक्त स्थान छोड़े बिना व्यवस्थित हो सकते हैं?
उ. सम पंचभुज का अंतर्कोण = (5−2)×180°/5 = 540°/5 = 108°। 3 पंचभुज मिलाकर 3×108°=324° घेरते हैं, जिससे 360°−324°=36° का रिक्त स्थान बच जाता है। चौथा पंचभुज रखने के लिए 108° चाहिए, जो 36° के रिक्त स्थान में नहीं आ सकता। इसलिए नहीं — सम पंचभुज किसी प्रतिरूप में व्यवस्थित नहीं किए जा सकते।

प्र. सम त्रिभुज किसी बिंदु पर रिक्त स्थान छोड़े बिना व्यवस्थित हो सकते हैं? कितने त्रिभुज एक साथ व्यवस्थित हो सकते हैं?
उ. सम त्रिभुज का अंतर्कोण = 60°। 360° ÷ 60° = 6 — पूरी-पूरी संख्या, इसलिए हाँ, 6 सम त्रिभुज किसी बिंदु पर बिना रिक्त स्थान या आछ्छादन के पूरी तरह व्यवस्थित हो सकते हैं (इस तरह वे मिलकर एक सम षट्भुज का आकार बनाते हैं)।

प्र. क्या वर्ग (सम 4-भुजीय आकृति) किसी बिंदु के चारों ओर रिक्त स्थान या आछ्छादन के बिना व्यवस्थित हो सकते हैं? आपको कितने वर्गों की आवश्यकता हुई?
उ. वर्ग का अंतर्कोण = 90°। 360°÷90° = 4 — पूरी-पूरी संख्या, इसलिए हाँ, 4 वर्ग की आवश्यकता हुई।

प्र. क्या पाँच वर्ग किसी बिंदु के चारों ओर बिना किसी रिक्त स्थान या आछ्छादन के व्यवस्थित हो सकते हैं? यदि ‘हाँ’ तो क्यों और ‘नहीं’ तो क्यों नहीं?
उ. नहीं। 5 वर्ग मिलाकर 5×90°=450° बनते हैं, जो 360° से 90° अधिक है — इसका मतलब है कि पाँचवां वर्ग एक-दूसरे को ऐसे ही चारों वर्गों के साथ 90° का आच्छादन (overlap) करेंगे।

प्र. क्या सम षट्भुज (समान भुजाओं वाली 6-भुजीय आकृति) किसी बिंदु के चारों ओर बिना रिक्त स्थान छोड़े या आच्छादन के व्यवस्थित किए जा सकते हैं? कितने सम षट्भुज व्यवस्थित किए जा सकते हैं?
उ. सम षट्भुज का अंतर्कोण = (6−2)×180°/6 = 720°/6 = 120°। 360°÷120° = 3 — पूरी-पूरी संख्या, इसलिए हाँ, 3 सम षट्भुज किसी बिंदु पर बिना रिक्त स्थान या आच्छादन के व्यवस्थित हो सकते हैं।

प्र. एक सम अष्टभुज (आठ समान भुजाओं वाली आकृति) क्या बिना किसी रिक्त स्थान या आच्छादन के व्यवस्थित किए जा सकते हैं?
उ. सम अष्टभुज का अंतर्कोण = (8−2)×180°/8 = 1080°/8 = 135°। 2 अष्टभुज=270° (36° खाली रह जाता है), 3 अष्टभुज=405° (360° से 45° ज्यादा, आच्छादन होगा) — कोई भी पूर्णांक संख्या ठीक 360° नहीं बनाती। इसलिए नहीं — सम अष्टभुज किसी प्रतिरूप में व्यवस्थित नहीं किए जा सकते।

सारांश: कौन-सी सम आकृतियां प्रतिरूप में व्यवस्थित होती हैं

सम आकृतिअंतर्कोण360° में कितनी बारप्रतिरूप में व्यवस्थित?
सम त्रिभुज (3)60°6हाँ
वर्ग (4)90°4हाँ
सम पंचभुज (5)108°3.33 (पूर्णांक नहीं)नहीं
सम षट्भुज (6)120°3हाँ
सम अष्टभुज (8)135°2.67 (पूर्णांक नहीं)नहीं

प्र. दिखाए गए मिश्रित प्रतिरूप (नीले-नारंगी त्रिभुजों से बना) में कौन-सी आकृतियों का उपयोग हुआ है?
उ. यह पूरा प्रतिरूप सम त्रिभुजों (equilateral triangles) से ही बना है, बस स्पष्टता के लिए दो अलग-अलग रंगों में रंगा गया है। जब छह त्रिभुज एक बिंदु पर मिलते हैं, तो वे साथ मिलकर एक षट्भुज (hexagon) जैसी रूपरेखा भी बनाते हैं।

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 8: वजन (किलोग्राम/ग्राम) — हल एवं व्याख्या

यह भाग “गणित मेला” (कक्षा 5) के अध्याय 8 की गतिविधियों और प्रश्नों के हल देता है। यह अध्याय वजन की इकाईयों — किलोग्राम और ग्राम — के बीच रूपांतरण सिखाता है।

आधार नियम: 1 किलोग्राम = 1,000 ग्राम

प्र. श्रेणु को केक के लिए 3 किलो 500 ग्राम आटे की आवश्यकता है। उसकी तुला केवल ग्राम में मापती है। 3 किलो 500 ग्राम आटे के लिए उसकी तुला क्या दर्शाएगी?
उ. 3 किलो = 3,000 ग्राम। 3 किलो 500 ग्राम = 3,000+500 = 3,500 ग्राम.

प्र. 2 किलो 250 ग्राम आटे का ग्राम में मान कितना होगा?
उ. 2 किलो = 2,000 ग्राम। 2 किलो 250 ग्राम = 2,000+250 = 2,250 ग्राम.

शमीम और रेहान की बहस — सामान्य भ्रंति

प्र. शमीम और रेहान ने देखा कि कोई व्यक्ति 5 किलो 50 ग्राम चीनी क्रय कर रहा है। शमीम कहती है 5,050 ग्राम, रेहान कहता है 5,500 ग्राम। आपके अनुसार कौन सही है और क्यों?
उ. शमीम सही है (5,050 ग्राम)। 5 किलो 50 ग्राम का अर्थ है 5×1,000 + 50 = 5,000+50 = 5,050 ग्राम। रेहान ने गलती से “50 ग्राम” को “500 ग्राम” मान लिया, जो गलत है।

किलोग्राम ↔ ग्राम रूपांतरण

प्र. रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए: (क) 7 किलो 67 ग्राम = ___ग्राम (ख) 3 किलो 300 ग्राम = ___ग्राम (ग) 8 किलो 69 ग्राम = ___ग्राम (घ) 10,760 ग्राम = ___किलो ___ग्राम (ङ) 4,080 ग्राम = ___किलो ___ग्राम (च) 12,042 ग्राम = ___किलो ___ग्राम.
उ. (क) 7,000+67 = 7,067 ग्राम। (ख) 3,000+300 = 3,300 ग्राम। (ग) 8,000+69 = 8,069 ग्राम। (घ) 10,760÷1,000 = 10 किलो 760 ग्राम। (ङ) 4,080÷1,000 = 4 किलो 80 ग्राम। (च) 12,042÷1,000 = 12 किलो 42 ग्राम.

दोहरी संख्या-रेखा पर किलोग्राम/ग्राम रूपांतरण

संख्या-रेखा में ऊपरी पंक्तियों पर किलोग्राम और नीचे समरूप पंक्तियों पर ग्राम अंकित हैं — दोनों एक ही बिंदु को दर्शाते हैं। दिए गए संदर्भ मूल्यों के आधार पर:

किलोग्रामग्राम
1 कि.ग्रा.1,000 ग्राम
3 कि.ग्रा.3,000 ग्राम
4 कि.ग्रा.4,000 ग्राम
7 कि.ग्रा.7,000 ग्राम
8 कि.ग्रा.8,000 ग्राम
10 कि.ग्रा.10,000 ग्राम
12 कि.ग्रा.12,000 ग्राम

आखिरी दो बिंदु जानबूझकर खाली छोड़े गए हैं (दोनों इकाइयों में कोई संदर्भ मान नहीं दिया गया) — विद्यार्थी 12,000 ग्राम से आगे कोई भी मान चुनकर उसे दोनों इकाइयों में सड़कर लिख सकते हैं।

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 9: नारियल का खेत — हल एवं व्याख्या

सरणी (Array) से गुणन और भाग के तथ्य

गुणन और भाग एक-दूसरे की प्रतिलोम (inverse) संक्रियाएं हैं। एक सरणी से एक साथ एक गुणन तथ्य और दो भाग तथ्य मिलते हैं — जैसे 5 पंक्तियों और 7 स्तंभों की सरणी से: 5 × 7 = 35, इसलिए 35 ÷ 7 = 5 और 35 ÷ 5 = 7.

प्र. 35 नारियलों को 5 समूहों में बांटा जाए तो प्रत्येक समूह में कितने नारियल होंगे?
उ. 35 ÷ 5 = 7 नारियल प्रत्येक समूह में, क्योंकि 5 × 7 = 35 से 5 × __ = 35 में खाली स्थान 7 से भरता है।

भाग में स्थानीय मान के प्रतिरूप (शून्यों का पैटर्न)

जब भाज्य और भाजक दोनों में बराबर संख्या में शून्य जोड़े या हटाएं, भागफल नहीं बदलता।

प्र. अगर 40 ÷ 10 = 4 है, तो 4000 ÷ 10 कितना होगा?
उ. 400 — 40 से 4000 तक भाज्य में दो शून्य और जुड़े हैं (40→4000), इसलिए भागफल में भी 4 से 400 हो जाएगा — भाजक (10) वही रहता है।

प्र. 80÷10, 800÷10, 8000÷10 के भागफल क्रमशः क्या होंगे?
उ. 8, 80, 800 — प्रत्येक बार भाज्य में एक शून्य बढ़ने पर भागफल में भी एक शून्य जुड़ जाता है।

लंबा भाग (Long Division) — शेषफल सहित अभ्यास

प्रश्नभागफल (शेषफल)
256 ÷ 464
545 ÷ 5109
147 ÷ 721
1,212 ÷ 6202
648 ÷ 1254
9,648 ÷ 48201
775 ÷ 2531
796 ÷ 4199
7,032 ÷ 61,172
3,005 ÷ 5601
2,874 ÷ 14205, शेष 4
9,805 ÷ 32306, शेष 13

कल्पवृक्ष नारियल तेल — व्यावसायिक भाग समस्याएँ

प्र. 4,376 किलोग्राम नारियल की गिरी से तेल निकालने पर हर 8 किलोग्राम से 1 लीटर तेल मिलता है और तेल ₹95,725 में बिकता है; कुल कितने लीटर तेल निकला?
उ. 4,376 ÷ 8 = 547 लीटर तेल

प्र. 9,913 किलोग्राम नारियल की भूसी (husk) को 23 बोरों में बराबर बाँटा जाए तो हर बोरे में कितनी भूसी आएगी?
उ. 9,913 ÷ 23 = 431 किलोग्राम प्रति बोरा

प्र. 8,890 नारम (कच्चे) नारियल 35 पेटियों में बराबर पैक किए जाएँ तो हर पेटी में कितने नारियल आएँगे, और कुल लाभ ₹3,810 है तो प्रति पेटी लाभ कितना?
उ. 8,890 ÷ 35 = 254 नारियल प्रति पेटी; ₹3,810 का पेटियों में समान बंटवारा किया जा सकता है (गणना के लिए पेटियों की संख्या ज्ञात होनी चाहिए)।

वास्तविक जीवन की भाग समस्याएँ

प्र. सबीना 20 दिनों में 160 किलोमीटर साइकिल चलाती है और प्रत्येक दिन समान दूरी तय करती है। वह प्रत्येक दिन कितने किलोमीटर साइकिल चलाती है?
उ. 160 ÷ 20 = 8 किलोमीटर प्रतिदिन.

प्र. सीमा ₹4200 मूल्य के नारियल खरीदना चाहती है; उसे अपने साथ ₹100 के कितने नोट ले जाने होंगे?
उ. 4200 ÷ 100 = 42 नोट.

प्र. एक दुकान का स्वामी दिवाली उपहार के रूप में अपने 5 कर्मचारियों के मध्य ₹5500 को समान रूप से बांटता है। प्रत्येक कर्मचारी को कितनी राशि मिलेगी?
उ. 5500 ÷ 5 = ₹1,100 प्रत्येक कर्मचारी को.

प्र. एक थिएटर में एक शो में 100 दर्शक बैठ सकते हैं; 1,050 दर्शकों को दिखाने के लिए कम-से-कम कितने शो चाहिए, और यदि प्रतिदिन 2 शो हों तो कितने दिन लगेंगे?
उ. 1,050 ÷ 100 = 10 शेष 50, यानी पूरे भरने के लिए 11 शो चाहिए; 11 ÷ 2 = 5.5, इसलिए 6 दिन लगेंगे (2 शो प्रतिदिन की दर से)।

प्र. एक बढ़ई के पास तख्तों को जोड़ने के लिए सीमित क्लिप हैं जिससे अधिकतम 30 किताबों की अलमारियाँ ही बन पाती हैं — यह किस तरह की बाधा (constraint) दिखाता है?
उ. यह दिखाता है कि उत्पादन की सीमा हमेशा सबसे कम उपलब्ध संसाधन (यहाँ क्लिप) से तय होती है — भले ही तख्ते और अन्य सामग्री अधिक हों, 30 अलमारियाँ ही बनाई जा सकती हैं।

सही/गलत — गुणनखंड और गुणज पर कथन

कथनसही/गलत
सम संख्याओं के गुणनखंड हमेशा सम होते हैंगलत (जैसे 12 का गुणनखंड 3, विषम है)
विषम संख्याओं के गुणज कभी सम नहीं हो सकतेगलत (5×2=10, सम है)
विषम संख्याओं के गुणनखंड कभी सम नहीं हो सकतेसही

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 10: सम्मितीय अभिकल्पनाएँ — हल एवं व्याख्या

समिति रेखा क्या है — कागज मोड़कर जाँच

समिति रेखा (line of symmetry) वह रेखा है जो किसी आकृति को दो सर्वांगसम (एक-दूसरे पर बिल्कुल फिट होने वाले) भागों में बांटती है। इसे कागज मोड़कर आसानी से जाँचा जा सकता है — यदि मोड़ने पर दोनों भाग ठीक-ठीक मेल खाएं, तो वह मोड़-रेखा समिति रेखा है।

प्र. अक्षर ‘A’ में कितनी समिति रेखाएं हैं?
उ. केवल 1 — एक उर्ध्वाधर (खड़ी) रेखा बीच से। कागज को इस रेखा से आधा मोड़कर अक्षर का आधा भाग काटने पर, खोलने पर पूरा और सही ‘A’ बनता है।

अक्षर ‘A’ और ‘H’ में समिति रेखाओं की संख्या अलग-अलग क्यों है?

प्र. अक्षर ‘H’ में ‘A’ से अधिक समिति रेखाएं क्यों हैं?
उ. ‘H’ में 2 समिति रेखाएं हैं — एक उर्ध्वाधर (बीच से खड़ी) और एक क्षैतिज (बीच से आड़ी), क्योंकि ‘H’ का ऊपरी और निचला भाग भी एक-दूसरे जैसे हैं, जबकि ‘A’ में यह क्षैतिज समिति नहीं होती।

अंग्रेज़ी वर्णमाला (कैपिटल अक्षरों) में समिति रेखाएँ — पूरी सूची

समिति का प्रकारअक्षरसंख्या
केवल उर्ध्वाधर (खड़ी) रेखा से समितिA, M, T, U, V, W, Y7
केवल क्षैतिज (आड़ी) रेखा से समितिB, C, D, E, K5
उर्ध्वाधर व क्षैतिज दोनों रेखाओं से समितिH, I, O, X4
कोई समिति रेखा नहींF, G, J, L, N, P, Q, R, S, Z10

अंकों (0–9) में समिति — दर्पण-समिति और घुमाव-समिति

प्र. 0 से 9 तक किन अंकों में दर्पण-समिति (ऊपर-नीचे मोड़ने पर) है, और किनमें घुमाव-समिति (आधा घुमाने पर वही दिखना) है?
उ. दर्पण-समिति वाले अंक: 0, 1, 3, 8 (कुल 4)। घुमाव-समिति वाले अंक (180° घुमाने पर वही अंक दिखे): 0, 1, 8 (कुल 3)। दोनों तरह की समिति वाले: 0, 1, 8.

प्र. एसी 2-अंकीय, 3-अंकीय और 4-अंकीय संख्याएँ बताइए जो दर्पण-समिति (पैलिंड्रोम जैसी बनावट) दिखाती हों।
उ. 2-अंकीय: 11, 88। 3-अंकीय: 181, 303, 808। 4-अंकीय: 1001, 1331, 8008 (0, 1, 8 के संयोजन से एसी और भी संख्याएँ बनाई जा सकती हैं)।

पवन-चक्की (फिरकी) बनाना — घुमाव समिति

प्र. वर्गाकार कागज को दोनों विकर्णों (diagonals) से मोड़ने पर कितने त्रिभुज बनते हैं?
उ. पहले विकर्ण से मोड़ने पर 2 त्रिभुज बनते हैं; कागज खोलकर दूसरे विकर्ण से मोड़ने पर 2 और त्रिभुज बनते हैं — कुल 4 त्रिभुज, जो कागज पर एक ‘X’ आकार बनाते हैं। प्रत्येक त्रिभुज के एक कोने को केंद्र की ओर मोड़ने पर पिनव्हील तैयार होती है — यह घुमाव समिति (rotational symmetry) का व्यावहारिक उदाहरण है।

प्र. फिरकी (पिनव्हील) को 1/4, 1/2, 3/4 और पूरा घुमाने पर क्या वह हर बार पहले जैसी ही दिखती है?
उ. हाँ — फिरकी के चार समान भुजाओं वाले डिज़ाइन के कारण यह हर चौथाई घुमाव (90°) पर स्वयं जैसी ही दिखाई देती है, इसलिए इसमें कोटि-4 (order 4) की घुमाव समिति है।

प्र. कोई नया डिज़ाइन बनाकर बताइए — क्या वह मूल रूप में 1/4 घुमाव पर वही दिखता है, और 1/2 घुमाव पर?
उ. यह विद्यार्थी की स्वयं की रचनात्मक गतिविधि है — सामान्यतः मूल डिज़ाइन 1/4 घुमाव पर वही नहीं दिखता (नहीं) जबकि सावधानी से बनाई गई सममित आकृतियाँ 1/2 घुमाव पर वही दिख सकती हैं (हाँ, डिज़ाइन पर निर्भर)।

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 11: दादी माँ की रजाई — हल एवं व्याख्या

सतह को ढकना और क्षेत्रफल की अवधारणा

इस पाठ में दादी माँ पुराने कपड़ों के चौकोर टुकड़ों से एक रजाई/चटाई बनाती हैं। किसी सतह को इकाई आकृतियों (चौकोर टुकड़ों, त्रिभुजों, वृत्तों आदि) से पूरा ढककर हम प्रयोग हुई इकाईयों की संख्या गिनकर क्षेत्रफल (area) की तुलना कर सकते हैं। सीमा की परिधि (perimeter) पर सही लंबाई का फीता लगाने की गतिविधि भी इसी पाठ में है।

प्र. एक ही मेज को प्रीथा त्रिभुजों व वृत्तों से ढकती है, और आद्रित वर्गों और आयतों से; क्या दोनों ने मेज को पूरा ढका होगा?
उ. हाँ, अगर दोनों ने टुकड़े बिना किसी खाली स्थान छोड़े मेज को पूरा ढका हो तो दोनों ने सही — यह दिखाता है कि एक ही सतह को अलग-अलग आकार की इकाईयों से भी पूर्णतः ढका जा सकता है, भले ही इकाईयों की गिनती अलग हो।

परिमाप (Perimeter) — बराबर भुजाओं वाली आकृतियाँ

प्र. यदि एक पंचभुज (पेंटागन) की हर भुजा 4 सेमी है, तो उसका परिमाप कितना होगा?
उ. 5 भुजाएँ × 4 सेमी = 20 सेमी

प्र. यदि एक षट्भुज (हेक्सागन) की हर भुजा 5 सेमी है, तो उसका परिमाप कितना होगा?
उ. 6 भुजाएँ × 5 सेमी = 30 सेमी

प्र. 26 सेमी और 18 सेमी परिमाप वाले दो अलग-अलग आयत खींचिए।
उ. एक ही परिमाप की कई जोड़ी लंबाई-चौड़ाई संभव हैं — जैसे 26 सेमी परिमाप के लिए (9×4) या (8×5), और 18 सेमी परिमाप के लिए (7×2) या (6×3) आयत बनाए जा सकते हैं (लंबाई+चौड़ाई = परिमाप÷2)।

क्षेत्रफल — इकाई आकृतियों से गिनती

प्र. एक मेज़ को 20 त्रिभुजों से पूरा ढका गया, दूसरी को 8 वर्गों से, और तीसरी को 6 आयतों से — इनके क्षेत्रफल किस इकाई में व्यक्त होंगे?
उ. पहली मेज़ का क्षेत्रफल 20 त्रिभुज-इकाई, दूसरी का 8 वर्ग-इकाई, और तीसरी का 6 आयत-इकाई है — अलग-अलग इकाई आकृतियों की गिनती की सीधे तुलना नहीं की जा सकती जब तक इकाईयों का आकार एक-दूसरे से न जोड़ा जाए।

प्र. समान क्षेत्रफल (12 वर्ग सेमी) की अलग-अलग आकृतियों के परिमाप अलग-अलग क्यों होते हैं?
उ. क्योंकि परिमाप आकृति की सीमा-रेखा की कुल लंबाई पर निर्भर करता है, जबकि क्षेत्रफल भीतर के स्थान पर — एक ही क्षेत्रफल की लंबी-पतली आकृति का परिमाप, चौकोर आकृति के परिमाप से अधिक हो सकता है (जैसे 16 सेमी, 18 सेमी, 14 सेमी आदि अलग-अलग परिमाप एक ही 12 वर्ग सेमी क्षेत्रफल के लिए संभव हैं)।

वर्ग और आयत — क्षेत्रफल व परिमाप का सूत्र-आधारित हल

आकृतिमापक्षेत्रफलपरिमाप
वर्गभुजा 6 सेमी36 वर्ग सेमी24 सेमी
आयत7×4 सेमी28 वर्ग सेमी22 सेमी
आयत8×6 सेमी48 वर्ग सेमी32 सेमी
वर्गभुजा 3 सेमी9 वर्ग सेमी12 सेमी
आयत10×3 सेमी30 वर्ग सेमी22 सेमी

प्र. एक आयताकार खेत की लंबाई 51 मीटर और चौड़ाई 28 मीटर है — क्षेत्रफल कितना है?
उ. 51 × 28 = 1,428 वर्ग मीटर

प्र. एक बगीचे का क्षेत्रफल 24 वर्ग मीटर है और उसकी लंबाई 6 मीटर है, तो चौड़ाई कितनी है?
उ. चौड़ाई = क्षेत्रफल ÷ लंबाई = 24 ÷ 6 = 4 मीटर

नोट: इस पाठ की कुछ शुरुआती गतिविधियाँ — जैसे सही लंबाई का फीता चुनना, चटाई में लाल-पीले चौकोर टुकड़ों की सटीक गिनती, और डेस्क पर हरे त्रिभुजों/नीले वर्गों की गिनती — हाथ से बने चित्रों में तिरछी (perspective) कोण से दिखाई गई हैं, जिससे स्कैन से सटीक गिनती करना विश्वसनीय नहीं था। गलत संख्या देने के बजाय, यहाँ केवल सत्यापन-योग्य संख्यात्मक हल दिए गए हैं — चित्र-आधारित गिनती के लिए मूल PDF (ehmm111.pdf) सीधे देखकर पुष्टि की जा सकती है।

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 12: दौड़ते सेकंड — हल एवं व्याख्या

पूर्वाह्न और अपराह्न — 12-घंटे प्रारूप

दिन में दो बार घड़ी 12 बजती है — मध्यरात्रि से दोपहर 12 बजे तक का समय पूर्वाह्न (AM) कहलाता है, और दोपहर 12 बजे से मध्यरात्रि तक का समय अपराह्न (PM) कहलाता है।

12-घंटे से 24-घंटे प्रारूप में बदलना — नियम और सारणी

पूर्वाह्न (AM) के समय 24-घंटे प्रारूप में वही अंक रहते हैं। अपराह्न (PM) के समय को 24-घंटे प्रारूप में बदलने के लिए 12 घंटे जोड़े जाते हैं।

12 घंटे के प्रारूप में समय24 घंटे के प्रारूप में समय
पूर्वाह्न 05:3005:30 बजे
पूर्वाह्न 08:3508:35 बजे
पूर्वाह्न 11:5511:55 बजे
अपराह्न 02:3014:30 बजे
अपराह्न 05:3017:30 बजे
अपराह्न 09:3521:35 बजे

प्र. अपराह्न 5:30 को 24-घंटे प्रारूप में 17:30 बजे क्यों लिखा जाता है, केवल 5:30 नहीं?
उ. क्योंकि 24-घंटे प्रारूप में दिन 00:00 (मध्यरात्रि) से शुरू होकर 23:59 तक चलता है, इसलिए दोपहर के बाद के हर समय में 12 घंटे जोड़े जाते हैं ताकि पूर्वाह्न और अपराह्न में अंतर स्पष्ट रहे — बिना 12 जोड़े 5:30 दोनों बार (सुबह और शाम) एक जैसा दिखेगा।

समय अंतराल (Duration) की गणना

प्र. राघव योग अभ्यास सुबह 5:35 बजे शुरू करके 5:55 बजे समाप्त करता है — कुल कितने समय के लिए अभ्यास किया?
उ. 5:55 − 5:35 = 20 मिनट

प्र. दोपहर 01:15 बजे से 01:42 बजे तक कितना समय बीता?
उ. 27 मिनट

प्र. दोपहर 03:18 बजे से रात 08:18 बजे तक कितना समय बीता?
उ. 5 घंटे

प्र. सुबह 09:15 बजे से 11:30 बजे तक कितना समय बीता?
उ. 2 घंटे 15 मिनट

घंटे-मिनट और मिनट के बीच रूपांतरण

प्रश्नउत्तर
1 घंटा 10 मिनट = कितने मिनट?70 मिनट
2 घंटे 45 मिनट = कितने मिनट?165 मिनट
3 घंटे 15 मिनट = कितने मिनट?195 मिनट
4 घंटे 20 मिनट = कितने मिनट?260 मिनट
75 मिनट = कितने घंटे-मिनट?1 घंटा 15 मिनट
150 मिनट = कितने घंटे-मिनट?2 घंटे 30 मिनट
220 मिनट = कितने घंटे-मिनट?3 घंटे 40 मिनट
390 मिनट = कितने घंटे-मिनट?6 घंटे 30 मिनट

दैनिक जीवन में समय की समस्याएँ

प्र. चार विषयों के लिए हर एक को 50 मिनट पढ़ाई करनी है — कुल कितना समय लगेगा?
उ. 4 × 50 = 200 मिनट = 3 घंटे 20 मिनट

प्र. घर से नानाजी के घर तक सुबह 08:00 बजे निकलकर 09:05 बजे पहुँचे — यात्रा में कितना समय लगा?
उ. 1 घंटा 5 मिनट

प्र. शाम 06:15 बजे घर से निकलकर 1 घंटा 45 मिनट बाद लौटे — घर वापस कितने बजे पहुँचे?
उ. 06:15 + 1:45 = रात 08:00 बजे

प्र. गृहकार्य रात 09:40 बजे समाप्त हुआ और उसमें 1 घंटा 10 मिनट लगे — गृहकार्य कब शुरू हुआ था?
उ. 09:40 − 1:10 = रात 08:30 बजे

प्र. सुबह 08:30 बजे पिकनिक के लिए निकले और 4 घंटे 10 मिनट वहाँ बिताए — वापसी कब हुई?
उ. 08:30 + 4:10 = दोपहर 12:40 बजे

प्र. दोपहर 12:30 बजे भोजन शुरू हुआ और 35 मिनट लगे — भोजन कब समाप्त हुआ?
उ. 12:30 + 0:35 = दोपहर 01:05 बजे

प्र. रात 08:35 बजे से 8 घंटे 25 मिनट बाद कौन-सा समय होगा?
उ. 08:35 रात्रि + 8:25 = सुबह 05:00 बजे

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 13: जानवरों की छलाँग — हल एवं व्याख्या

गुणनखंड और उभयनिष्ठ गुणनखंड

किसी संख्या के गुणनखंड (factors) वे संख्याएँ हैं जो उसे पूर्णतः (शेषफल शून्य के साथ) विभाजित करती हैं। जैसे 12 के गुणनखंड 1, 2, 3, 4, 6 और 12 हैं।

प्र. 28, 36, 48 और 72 — इन चार संख्याओं के दो उभयनिष्ठ गुणनखंड बताइए।
उ. 2 और 4 (1 के अतिरिक्त) — चारों संख्याएँ 4 से पूर्णतः विभाज्य हैं: 28=4×7, 36=4×9, 48=4×12, 72=4×18।

प्र. 15, 12, 10, 14, 13, 20, 25, 32, 37, 46, 54 — इनमें से हर संख्या के सभी गुणनखंड बताइए।
उ. 15: 1,3,5,15। 12: 1,2,3,4,6,12। 10: 1,2,5,10। 14: 1,2,7,14। 13: 1,13 (अभाज्य)। 20: 1,2,4,5,10,20। 25: 1,5,25। 32: 1,2,4,8,16,32। 37: 1,37 (अभाज्य)। 46: 1,2,23,46। 54: 1,2,3,6,9,18,27,54।

अभाज्य संख्याएँ

प्र. 13 और 37 को अभाज्य संख्याएँ क्यों कहा जाता है?
उ. क्योंकि इन दोनों को केवल 1 और स्वयं उसी संख्या से ही पूर्णतः विभाजित किया जा सकता है — इनका कोई अन्य गुणनखंड नहीं है।

संख्या-रेखा पर छलाँग से उभयनिष्ठ गुणज (लघुत्तम समापवर्त्य) ज्ञात करना

दो संख्याओं के उभयनिष्ठ गुणज (common multiples) संख्या-रेखा पर बराबर आकार की छलाँगें लगाकर देखे जा सकते हैं; सबसे छोटा उभयनिष्ठ गुणज लघुत्तम समापवर्त्य (LCM) कहलाता है।

प्र. एक मकड़ी हर बार 3 की छलाँग लगाती है और एक टिड़्डा हर बार 6 की। संख्या-रेखा पर वे किन दो बिंदुओं पर मिलते हैं?
उ. 6 और 12 पर। मकड़ी: 3, 6, 9, 12…; टिड़्डा: 6, 12, 18…; दोनों सूचियों में उभयनिष्ठ संख्याएँ 6 और 12 हैं।

प्र. निम्न जोड़ियों में से हर जोड़ी के पाँच-पाँच उभयनिष्ठ गुणज बताइए: (2,3), (5,8), (2,4), (3,9), (5,10), (9,12), (8,12), (6,8), (6,9)
उ. (2,3): 6,12,18,24,30। (5,8): 40,80,120,160,200। (2,4): 4,8,12,16,20। (3,9): 9,18,27,36,45। (5,10): 10,20,30,40,50। (9,12): 36,72,108,144,180। (8,12): 24,48,72,96,120। (6,8): 24,48,72,96,120। (6,9): 18,36,54,72,90।

रॉबी और डीकू का खाना — जंगल की कहानी में गुणज

प्र. भोजन का स्थान पत्थर संख्या 64 पर है; रॉबी हर बार 4 कदम और डीकू हर बार 6 कदम छलाँग लगाता है — कौन वहाँ पहुँच पाएगा?
उ. रॉबी पहुँच जाएगा क्योंकि 64, 4 का गुणज है (4×16=64); डीकू नहीं पहुँच पाएगा क्योंकि 64, 6 का गुणज नहीं है (6 का निकटतम गुणज 60 और 66 हैं)।

प्र. मोगली अगर 2, 3, 5 और 10 कदम की छलाँगों में चले तो किन-किन जानवरों (संख्याओं) से मिलेगा?
उ. 2 के गुणज से मिलेगा: चींटी, मेंढक, चिड़िया, भालू, खरगोश। 3 के गुणज से मिलेगा: मकड़ी, मेंढक, सांप, भालू, हिरण, बंदर। 5 के गुणज (5 से 55 तक): 5,10,15,20,25,30,35,40,45,50,55। 10 के गुणज (10 से 50 तक): 10,20,30,40,50।

प्र. शेर खान और बघीरा हर क्रमशः 5वें और 15वें दिन शिकार करते हैं — वे किन दिनों साथ शिकार करेंगे?
उ. 15 के गुणज पर — 15वें, 30वें और 45वें दिन (जो 5 और 15 दोनों के उभयनिष्ठ गुणज हैं)।

प्र. मोगली को केवल बालू (पत्थर 30) से मिलना है, अकेला — कितनी लंबाई की छलाँगें काम करेंगी?
उ. 30 के गुणनखंड जो छलाँग की लंबाई हो सकते हैं: 2, 3, 6, 10, 15, 30

प्र. मोगली को काआ (21) और अकेला (35) दोनों से मिलना है — कौन-सी छलाँग लंबाई काम करेगी?
उ. 21 और 35 के उभयनिष्ठ गुणनखंड — 1 और 7

उभयनिष्ठ गुणनखंड — अभ्यास जोड़ियाँ

संख्या-जोड़ीउभयनिष्ठ गुणनखंड
24 और 361, 2, 3, 4, 6, 12 (कुल 6)
12 और 13केवल 1
12 और 161, 2, 4
8 और 121, 2, 4
4 और 161, 2, 4
2 और 9केवल 1
3 और 5केवल 1
12 और 151, 3
20 और 51, 5
9 और 211, 3
6 और 271, 3

सही/गलत — गुणनखंड व गुणज पर कथन

कथनसही/गलत
सम संख्याओं के गुणनखंड हमेशा सम होते हैंगलत
विषम संख्याओं के गुणज कभी सम नहीं होतेगलत
विषम संख्याओं के गुणनखंड कभी सम नहीं हो सकतेसही
लगातार दो संख्याओं का एक उभयनिष्ठ गुणज उनका गुणनफल होता हैसही
लगातार दो संख्याओं का एकमात्र उभयनिष्ठ गुणनखंड 1 होता हैसही
शून्य किसी संख्या का गुणनखंड नहीं हो सकतासही

प्र. 1 से 100 तक की संख्याओं में से केवल 2 से विभाज्य, केवल 5 से विभाज्य, और 2, 5, 10 तीनों से विभाज्य संख्याओं को छाँटिए (उदाहरण सूची)।
उ. केवल 2 से विभाज्य (5 से नहीं): जैसे 22, 38, 56, 62, 66, 78, 84। केवल 5 से विभाज्य (2 से नहीं): जैसे 25, 45, 55, 75, 95। 2, 5 और 10 तीनों से विभाज्य: जैसे 30, 40, 90 (क्योंकि 10 से विभाज्य हर संख्या स्वतः 2 और 5 दोनों से विभाज्य होती है)।

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 14: मानचित्र और अवस्थितियाँ — हल एवं व्याख्या

चार मुख्य दिशाएँ

चार मुख्य दिशाएँ हैं — उत्तर, दक्षिण, पूर्व और पश्चिम। मानचित्र पर किसी वस्तु का स्थान किसी संदर्भ बिंदु (जैसे सड़क या झील) के सापेक्ष दिशा बताकर व्यक्त की जाती है।

प्र. सूर्य किस दिशा में उगता है, और यदि उगते सूर्य की ओर मुंह करके खड़े हों तो बायां हाथ और दायाँ हाथ किन दिशाओं में होगा?
उ. सूर्य पूर्व दिशा में उगता है; इस ओर मुंह करके खड़े होने पर बायाँ हाथ उत्तर की ओर और दायाँ हाथ दक्षिण की ओर होगा।

पक्षी-अवलोकन शिविर मानचित्र — दिशा के अनुसार तंबूओं को पहचानना

प्र. सड़क के पश्चिम दिशा की ओर वाले तंबू को कौन-सा रंग दिया गया है?
उ. नीला — मानचित्र में सबसे बाईं ओर, सड़क के पश्चिम में स्थित तंबू को नीला रंग दिया गया है।

प्र. झील के सबसे निकट स्थित तंबू को हरा रंग दिया गया — और उसके उत्तर दिशा में स्थित तंबू को कौन-सा रंग?
उ. झील के सबसे निकट — न्यूनतम दूरी पर — स्थित तंबू हरा है; हरे तंबू के उत्तर दिशा में स्थित तंबू को बैंगनी रंग दिया गया है। झील के ठीक दक्षिण दिशा में स्थित तंबू को पीला रंग दिया गया है।

गतिविधि: झील के पूर्व दिशा की ओर स्वयं एक नया तंबू बनाइए — यह विद्यार्थी की अपनी अभ्यास गतिविधि है (मानचित्र में यह तंबू पहले से नहीं बना है), इसका उद्देश्य दिशा-ज्ञान का अभ्यास कराना है।

कमरे का नक्शा — वस्तुओं की दिशा पहचानना

प्र. कमरे के नक्शे में खिड़की, पलंग, अलमारी और साइड-टेबल किस-किस दिशा में स्थित हैं?
उ. दिए गए उदाहरण के अनुसार: खिड़की उत्तर दिशा में, पलंग पूर्व दिशा में, अलमारी उत्तर दिशा में, और साइड-टेबल पूर्व दिशा में स्थित है (नक्शे के केंद्र-बिंदु के सापेक्ष)।

बस मार्ग — सड़कों के नाम और मुड़ने की दिशा

प्र. जयदीप के घर से पहले बस-स्टॉप तक जाने वाली सड़क का नाम और दिशा क्या है, और स्टॉप 2 तक पहुँचने के लिए कहाँ मुड़ना है?
उ. पहली सड़क अस्पताल रोड (Hospital Road) है, जो पूर्व दिशा की ओर जाती है, जहाँ स्टॉप 1 है। वहाँ से स्टॉप 2 तक पहुँचने के लिए दाईं ओर मुड़ना है, आगे की सड़क पार्क रोड (Park Road) है, जो दक्षिण दिशा की ओर जाती है।

प्र. जयदीप के घर के पूर्व दिशा में कौन-कौन से घर हैं, और लाली के घर के सबसे निकट कौन-सा स्टॉप है?
उ. जयदीप के घर के पूर्व दिशा में प्रेम और राजू के घर (कुल 2 घर) हैं। लाली के घर के सबसे निकट स्टॉप 1 है। प्रेम के घर से स्टॉप 2 की दिशा दक्षिण है।

चिड़ियाघर में चींटी-पहाड़ी — दूरी व दिशा (निर्देशांक)

प्र. चींटी-पहाड़ी से लड्डू, चीनी, ब्रेड और सेब की स्थिति किस दूरी और दिशा में है?
उ. लड्डू: 2 सेमी पूर्व। चीनी: 3 सेमी उत्तर। ब्रेड: 3 सेमी पश्चिम, फिर 2 सेमी दक्षिण। सेब: 5 सेमी दक्षिण, 3 सेमी पूर्व, फिर 2 सेमी उत्तर (या यही दूरी अलग मार्गों से भी तय हो सकती है)।

प्र. सेब तक पहुँचने के लिए दो अलग मार्गों में से सबसे छोटा मार्ग कौन-सा है?
उ. मार्ग 1, जिसकी कुल दूरी केवल 4 सेमी है — यह दूसरे संभव मार्ग से छोटा है, भले ही अंतिम स्थान (सेब) दोनों मार्गों से एक ही हो।

चिड़ियाघर की ग्रिड (Grid) पर स्थान — निर्देशांक (co-ordinates)

जानवरग्रिड स्थान (x, y)
पांडा(1, 1)
कछुआ(4, 1)
सांप(1, 4)
शेर(3, 3)
हाथी(6, 4)
हिरण(10, 6)
मगरमछ्छ(10, 1)

NCERT Class 5 Maths Solutions in Hindi (Ganit Mela) | अध्याय 15: चित्रों के माध्यम से आँकड़े — हल एवं व्याख्या

चित्रालेख और पैमाना (Scale) क्या है

चित्रालेख (pictograph) में आँकड़ों को प्रतीकों/चित्रों के माध्यम से दर्शाया जाता है, जहाँ एक प्रतीक किसी निश्चित संख्या (पैमाना) को प्रदर्शित करता है। बड़ी संख्याओं को थोड़े प्रतीकों से दिखाने के लिए पैमाने का प्रयोग किया जाता है।

चाइल्ड टीवी रिपोर्टर — तालिका से आँकड़ों की व्याख्या

35 दोस्तों से टीवी देखने की आदत के बारे में जानकारी इकट्ठा करके यह तालिका बनाई गई:

टीवी देखने का समयबच्चों की संख्या
½ घंटा9
1 घंटा13
1½ घंटा7
2 घंटे3
2 घंटे से अधिक3

प्र. कितने बच्चे आधे घंटे से अधिक टीवी देखते हैं?
उ. ½ घंटे को छोड़कर बाकी सभी: 13+7+3+3 = 26 बच्चे

प्र. कितने बच्चे 2 घंटे से कम टीवी देखते हैं?
उ. 9+13+7 = 29 बच्चे

प्र. कितने बच्चे ठीक 2 घंटे टीवी देखते हैं, और क्या “2 घंटे देखने वाले बच्चे, आधा घंटा देखने वालों से ज़्यादा हैं” यह कथन सही है?
उ. ठीक 2 घंटे देखने वाले 3 बच्चे हैं; कथन गलत है, क्योंकि 3, 9 से कम है — आधा घंटा देखने वाले बच्चे ज़्यादा हैं।

जोसेफ चाचा की दुकान का चित्रालेख — पढ़ना और गणना करना

पाठ में दिए गए उदाहरण में पैमाना है: 1 प्रतीक = 5 वस्तुएँ।

वस्तु का नामप्रतीकों की संख्याकुल वस्तुएँ (× 5)
खिलौने840
बोर्ड-खेल1050
खेल-कूद की वस्तुएँ1260

प्र. जोसेफ चाचा के पास कितने खिलौने हैं?
उ. चित्रालेख में खिलौनों की पंक्ति में 8 प्रतीक हैं, और प्रत्येक प्रतीक 5 खिलौनों को दर्शाता है — इसलिए 8 × 5 = 40 खिलौने

प्र. जोसेफ चाचा के पास कितने बोर्ड-खेल हैं?
उ. बोर्ड-खेल की पंक्ति में 10 प्रतीक हैं — 10 × 5 = 50 बोर्ड-खेल

प्र. जोसेफ चाचा के पास कुल मिलाकर कितनी खेल सामग्री (खिलौने + बोर्ड-खेल + खेल-कूद की वस्तुएँ) है?
उ. खेल-कूद की वस्तुओं की पंक्ति में 12 प्रतीक हैं, यानी 12 × 5 = 60 वस्तुएँ। तीनों श्रेणियाँ जोड़ने पर: 40+50+60 = 150 कुल वस्तुएँ

सड़क पर दुपहिया वाहन — अलग पैमाने वाला चित्रालेख

यहाँ पैमाना है: 1 प्रतीक = 3 दुपहिया वाहन।

दिनप्रतीकों की संख्याकुल वाहन (× 3)
सोमवार824
बुधवार412
शुक्रवार1236

प्र. सबसे अधिक दुपहिया वाहन किस दिन देखे गए, और तीनों दिन मिलाकर कुल कितने वाहन गुज़रे?
उ. सबसे अधिक शुक्रवार को (36); तीनों दिन का कुल: 24+12+36 = 72 वाहन

प्र. बुधवार को सोमवार से कितने कम वाहन थे, और शुक्रवार को बुधवार से कितने अधिक?
उ. सोमवार−बुधवार = 24−12 = 12 कम; शुक्रवार−बुधवार = 36−12 = 24 अधिक

रमन और शीला का दैनिक कार्यक्रम — तुलना

प्र. रमन और शीला में किसकी नींद अधिक है, और स्कूल में समय कौन ज़्यादा बिताता है?
उ. रमन 9 घंटे सोता है, शीला 8 घंटे — रमन की नींद अधिक है। स्कूल में शीला 7 घंटे और रमन 6 घंटे बिताता है — शीला अधिक समय स्कूल में बिताती है, और पढ़ाई में शीला रमन से 2 घंटे अधिक देती है।

स्कूल कैंटीन में भोजन की बर्बादी — साप्ताहिक आँकड़े

दिनबर्बाद भोजन (किग्रा)
सोमवार5
मंगलवार6
बुधवार (खिचड़ी)8
गुरुवार7
शुक्रवार (इडली-सांभर)4

प्र. सप्ताह में सबसे अधिक और सबसे कम भोजन किस दिन बर्बाद हुआ, कुल बर्बादी कितनी हुई, और 1 किग्रा से 3 बच्चों का पेट भरता है तो बर्बाद भोजन से कितने बच्चों का पेट भर सकता था?
उ. सबसे अधिक बर्बादी बुधवार (खिचड़ी, 8 किग्रा), सबसे कम शुक्रवार (इडली-सांभर, 4 किग्रा)। कुल साप्ताहिक बर्बादी: 5+6+8+7+4 = 30 किग्रा। 30 × 3 = 90 बच्चों का पेट भर सकता था।

इस गाइड का उपयोग कैसे करें

पहले संबंधित पाठ को किताब में पढ़ें, फिर यहाँ दी गई मुख्य अवधारणा को दोबारा पढ़कर जाँचें कि बच्चे को अवधारणा समझ आई या नहीं। शुरुआती कक्षाओं में समाधान से ज़्यादा ज़रूरी है कि बच्चा गिनती, आकृतियों और रोज़मर्रा की चीज़ों से जोड़कर सीखे — इसलिए हर पाठ के बाद घर की वस्तुओं (जैसे बर्तन, खिलौने, फल) का उपयोग करके अभ्यास कराएँ।

यह किताब क्यों महत्वपूर्ण है

गणित मेला NCERT की नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के अनुसार तैयार की गई पाठ्यपुस्तक है, जिसमें कहानियों, खेलों, गतिविधियों और चित्रों के माध्यम से बुनियादी अवधारणाओं को विकसित करने पर ज़ोर दिया गया है। यह रटने पर जोर देने की बजाय समझ बनाने पर जौर देती है, इसलिए स्कूल और घर — दोनों जगह पर इसी तरीके से पढ़ाना सबसे फ़ायदेमंद रहता है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्र. इस किताब में कुल कितने पाठ हैं?
उ. वर्तमान NEP 2026-27 संस्करण में कुल 15 मुख्य पाठ हैं।

प्र. क्या यह पुस्तक निःशुल्क डाउनलोड की जा सकती है?
उ. हाँ, NCERT की सभी पाठ्यपुस्तकें आधिकारिक रूप से निःशुल्क हैं; लिंक नीचे दिए गए कैटलॉग पेज पर मिलेंगे।

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Written by Satish

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